रतलाम/नामली। महू-नीमच हाईवे पर तिरपाल काटकर ट्रकों से कृषि उपज चोरी करने वाले गिरोह का नामली पुलिस ने पर्दाफाश किया है। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि गिरोह से जुड़े सात आरोपी फिलहाल फरार बताए गए हैं। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे और निशानदेही से करीब ₹8 लाख 59 हजार का मश्रुका बरामद किया है।
- पुलिस के अनुसार, आरोपियों के पास से 30 लीटर कच्ची हाथ भट्टी की शराब, 32 बोर का पिस्टलनुमा देशी कट्टा एवं दो जिंदा कारतूस, चोरी किए गए 14 कट्टे लहसुन, 13 कट्टे सरसों तथा बिना नंबर की चार मोटरसाइकिलें बरामद की गई हैं।
सीसीटीवी और तकनीकी साक्ष्यों से पहुंची पुलिस गिरोह तक
हाईवे पर ट्रकों को निशाना बनाकर लगातार हो रही चोरी की घटनाओं को गंभीरता से लेते हुए पुलिस अधीक्षक अमित कुमार के निर्देश पर विशेष टीम गठित की गई। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राकेश पान्द्रो एवं प्रभारी एसडीओपी अजय सारवान के मार्गदर्शन तथा थाना प्रभारी अमित कोरी के नेतृत्व में पुलिस टीम ने घटनास्थलों और आसपास के क्षेत्रों के सीसीटीवी फुटेज खंगाले। तकनीकी सहायता, परिस्थितिजन्य साक्ष्यों और संदिग्धों की गतिविधियों के आधार पर पुलिस ने गिरोह तक पहुंच बनाई।
मुखबिर की सूचना पर दबिश, तीन मौके से पकड़े
पुलिस के मुताबिक 16 सितंबर 2026 को विश्वसनीय मुखबिर से सूचना मिली कि कुछ संदिग्ध व्यक्ति धर्मेंद्र बापू के खेत पर बने मकान के पीछे मौजूद हैं। सूचना पर पुलिस टीम ने मौके पर घेराबंदी कर अमन कंजर, राहुल कंजर और निखिल कंजर को पकड़ लिया। वहीं अंधेरे का फायदा उठाकर अनीश कंजर, चिंटू कंजर और अमित कंजर खेतों की ओर भाग निकले।
मौके से बिना नंबर की मोटरसाइकिलें और करीब 30 लीटर कच्ची हाथ भट्टी की शराब बरामद हुई। तलाशी के दौरान अमन सिसोदिया के पास से कमर में छिपाकर रखा 32 बोर का पिस्टलनुमा देशी कट्टा, मैग्जीन सहित दो जिंदा कारतूस भी बरामद किए गए। मामले में थाना नामली पर अपराध क्रमांक 406/2026 के तहत आबकारी अधिनियम एवं आर्म्स एक्ट की धाराओं में प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू की गई।
पूछताछ में सामने आई ट्रकों से चोरी की वारदात
पुलिस द्वारा आरोपियों से अन्य अपराधों के संबंध में पूछताछ की गई। पूछताछ में आरोपियों ने करीब 20-25 दिन पूर्व एक ट्रक से तिरपाल काटकर 14 कट्टे लहसुन तथा करीब चार दिन पूर्व दूसरे ट्रक से तिरपाल काटकर 13 कट्टे सरसों चोरी करना स्वीकार किया।
पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर चोरी की गई कृषि उपज बरामद कर ली है। पुलिस अब गिरोह से जुड़ी अन्य वारदातों के संबंध में पूछताछ कर रही है।
स्पीड ब्रेकर और घाटी में धीमे होते ट्रक थे निशाने पर
पूछताछ में गिरोह के वारदात करने के तरीके का भी खुलासा हुआ। पुलिस के अनुसार, आरोपी चोरी की मोटरसाइकिलों पर तीन-तीन लोग सवार होकर हाईवे की रेकी करते थे। तिरपाल से ढके ट्रकों की निगरानी की जाती थी और विशेष रूप से ऐसे स्थान चुने जाते थे जहां स्पीड ब्रेकर या घाटी के कारण ट्रकों की रफ्तार कम हो जाती थी।
ट्रक के धीमे होते ही मोटरसाइकिल पर बीच में बैठा आरोपी रस्सी की मदद से ट्रक के ऊपर चढ़ जाता था और तिरपाल काटकर उसमें रखी कृषि उपज हाईवे किनारे गिरा देता था। पीछे चल रहे साथी मोटरसाइकिल से नीचे गिराए गए माल को समेटकर ले जाते थे।
चोरी की कृषि उपज को हाईवे से करीब 500 मीटर दूर खेत में बने मकान में छिपाकर रखा जाता था और जरूरत के अनुसार वहां से निकालकर ले जाया जाता था।
चार आरोपी गिरफ्तार
अमन पिता दीपू सिसोदिया, उम्र 22 वर्ष, निवासी उखेड़िया, जिला रतलाम।
राहुल पिता गोरिया हाड़ा, उम्र 30 वर्ष, निवासी उखेड़िया, जिला रतलाम।
निखिल पिता बबलू हाड़ा, उम्र 23 वर्ष, निवासी उखेड़िया, जिला रतलाम।
सोनू पिता राजेन्द्र सिसोदिया, उम्र 22 वर्ष, निवासी मेवासा, जिला रतलाम।
सात आरोपी फरार
पुलिस के अनुसार अनीश पिता बबलू हाड़ा, चिंटू पिता राजू हाड़ा, अमित पिता मुकेश हाड़ा, अभिषेक पिता संजय सिसोदिया, आशीष पिता गोपाल चौहान, राजकुमार पिता जगदीश राणावत निवासी उखेड़िया तथा धर्मेंद्रसिंह सिसोदिया निवासी मेवासा फरार हैं। पुलिस इनकी तलाश कर रही है।
₹8.59 लाख का मश्रुका जब्त
कच्ची हाथ भट्टी की शराब — 30 लीटर, करीब ₹4,000
देशी पिस्टलनुमा कट्टा व 2 जिंदा राउंड — करीब ₹40,000
चोरी किए गए 14 कट्टे लहसुन — करीब ₹1,05,000
चोरी किए गए 13 कट्टे सरसों — करीब ₹4,30,000
बिना नंबर की 4 मोटरसाइकिलें — करीब ₹2,80,000
कुल जप्त मश्रुका — लगभग ₹8,59,000।
पुलिस टीम की रही महत्वपूर्ण भूमिका
कार्रवाई में कार्यवाहक निरीक्षक एवं थाना प्रभारी नामली अमित कोरी, निरीक्षक दीपक मण्डलोई, उनि. रघुवीर जोशी, उनि. के.के. पटेल, सउनि. जुगलकिशोर रावत, सउनि. राजेन्द्र जगताप सहित थाना नामली पुलिस, साइबर सेल एवं अन्य पुलिसकर्मियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
पुलिस द्वारा फरार आरोपियों की गिरफ्तारी तथा गिरोह से जुड़ी अन्य चोरी की वारदातों का पता लगाने के लिए पूछताछ एवं तलाश जारी है।


