लोक सभा चुनाव 2024 नारद न्यूज़ 24

धार-महू लोकसभा के साथ रतलाम-झाबुआ और खरगोन-बड़वानी लोकसभा सीटों में जीत के लिए कांग्रेस और भाजपा ने पूरी ताकत झोंकी। भीषण गर्मी ने पसीना बहाया। इसमें प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का राष्ट्रीय और लोकल कनेक्ट का जादू चल गया। सात मई को भीषण गर्मी में प्रधानमंत्री ने खरगोन और धार में सभा कर चार संसदीय क्षेत्र पर फोकस किया।
धार में तो उन्होंने भोजशाला और मांडू का जिक्र कर स्थानीय कनेक्ट ऐसा बनाया कि 13 मई तक मोदी की राम-राम घर-घर तक पहुंच गई। खरगोन में आदिवासी मतदाताओं से-वारलूं छे और मां नर्मदा के माध्यम से जुड़े थे, वहीं कांग्रेस के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी की आदिवासी और आरक्षण की बात असरकारी नहीं रही।
छह माह पहले मालवा-निमाड़ में विधानसभा चुनाव के प्रदर्शन से भाजपा के प्रदेश और राष्ट्रीय नेतृत्व को चिंता थी, इसलिए प्रधानमंत्री फरवरी में जब इलेक्शन मोड में आए तो उन्होंने सबसे पहले आदिवासी वोटरों को साधने के लिए झाबुआ में अपनी सभा की। हालांकि तब चुनावी कार्यक्रम घोषित नहीं हुआ था।https://chat.whatsapp.com/EnDhWlH1Lp2B5DFX2cF0id
मोदी ने इस जीत की आधारशिला रख दी थी। उसके बाद राहुल गांधी ने भी अपने वोट बैंक को बनाए रखने के लिए धार जिले के बदनावर व रतलाम में भारत जोड़ो अभियान के तहत बड़ी सभा की।
यहां पर अपने सभी कांग्रेसी विधायकों को एक जाजम पर बैठाया और जीत के लिए मंत्र भी दिया। इस तरह से दोनों ही राजनीतिक दल मालवा-निमाड़ के इन लोकसभा क्षेत्रों में चुनाव कार्यक्रम के पहले ही कमर कस चुके थे। आचार संहिता लागू हुई और चुनावी सरगर्मी में दोनों पार्टी को फिर इस क्षेत्र की याद आई। प्रधानमंत्री वैसे तो अप्रैल में ही धार आने वाले थे।https://youtube.com/@dolatramkulmbi
Author: Naradh News24
प्रधान संपादक


