आवारा कुत्तों के हमले से राष्ट्रीय पक्षी मोर हुआ गम्भीर रूप से घायल, ग्रामीणों ने घायल मोर को कुत्तों के हमले से बचाया। घायल मोर का इलाज कराया गया।

रतलाम जिले के डेलनपुर गांव में कुत्तों ने हमला करके राष्ट्रीय पक्षी मोर को घायल कर दिया। कुत्तों से घिरे राष्ट्रीय पक्षी को ग्रामीणों ने किसी तरह बचाकर इलाज करवाया और वन विभाग को सौंप दिया। गुरुवार शाम क्षेत्र के गांव डेलनपुर के ग्रामीण अपने घर के निकट खेतों की तरफ गए हुए थे। कुत्तों के भौंकने की आवाज से उनको पहले लगा कि कोई जंगली जानवर है। फ़िर देखा कि आवारा कुत्तों के झुंड में मोर फंसा हुआ था। कुत्ते हमला कर उसे घायल कर मार रहे थे।
ग्रामीण बालू भाई अटोरिया परिवार ओर बाबू भाई आदिवासी सहित अन्य लोगों ने लाठी डंडों की मदद से शिकारी कुत्तों से भारत के गौरव राष्ट्रीय पक्षी को बचाया गया। युटुब पर देखने के लिए दी गई लिंक पर टच करें ???? https://www.youtube.com/@naradhnews2424
इस बात की जानकारी गांव के मुखिया सरपंच को भी दी जवाब में सरपंच प्रतिनिधि की मदद में उदासीनता देखते हुए कोई सहयोग नहीं मिला सिर्फ कह दिया कि कल सुबह तक देखते हैं।
और उसे इलाज के तौर पर मोर के नोचे गए घाव पर देशी घी लगा कर रात भर स्वस्थ होने की कामना करते रहे । सुबह होने का इंतजार किया फिर सरपंच प्रतिनिधि को कहा तो वह बाहर गांव चले गए।
सीधे साधे ग्रामीण बिना किसी जानकारी चलते अभाव में मोर के ईलाज के लिए शहर में भटकते रहे।
नारद न्यूज 24 को सूचना दे कर मीडिया से सहयोग की अपील की सुझाव के दौरान तत्काल औद्योगिक क्षेत्र थाने पर होते हुए वन विभाग सिविल अस्पताल ले गए जहां संजीता जी जैन के निर्देशन में डॉक्टर देवेंद्र जी अलावा ने मोर का तत्काल ईलाज सेवा प्रदान कर लगे घावों पर मरहमपट्टी कर इंजेक्शन लगा कर इलाज किया जा कर घटना की सूचना वन विभाग को दी गई। सूचना के बाद वन विभाग के फारेस्ट हरि सिंह जी डामर को ग्रामीणों ने मोर को वन विभाग को सौंप दिया।
डॉक्टर कथन
जिले में पीड़ित पशु पक्षी जीव संरक्षण विभाग सिविल सेवा में पर्याप्त मात्रा में स्थान ओर व्यवस्था की कमी के कारण यहां राष्ट्रीय पक्षी को रखना संभव नहीं है हम इलाज़ करने के बाद पीड़ित असहाय जीव को आश्रा देने के लिए अन्य सर्व सेवा प्रदान करने वाले स्थान पर भेज देते है।
व्यवस्था का बड़ा अभाव है
समस्या का कोई शासकीय विभाग द्वारा आज तक समाधान नहीं है जिसके चलते कारणों पर निजी ट्रस्ट जीव दया सोसायटी संचालित जावरा को भेज दिया जाता हैं।https://www.facebook.com/dolat.patidar
रतलाम में जीव दया रेस्क्यू कर ईलाज करवाले वाले नवयुवक आर्यन राठौर ने घायल पक्षी मोर की सेवा हेतु अपनी भावना को व्यक्त करते हुए जल्दी स्वस्थ होने की संभावना जताई ।
Author: Naradh News24
प्रधान संपादक


