पिछले दो दिनों से सब्जी विक्रेता नगर निगम मुख्यालय में भी धरने पर बैठे हुए हैं। महापौर से मुलाकात के बाद भी कोई निर्णायक समाधान नहीं निकल पाया। विक्रेताओं का कहना है कि महापौर ने उन्हें अस्थायी वैकल्पिक स्थान
मुहैया कराने की बात कही, लेकिन ऐसी व्यवस्था पहले भी असफल रही है। कई बार उन्हें ऐसे स्थान दिए गए जहां ग्राहक पहुंचते ही नहीं। इसी अविश्वास के चलते सब्जी विक्रेता नगर निगम से निकलकर अब सीधे विधायक के पास पहुंचे और समस्या का राजनीतिक स्तर पर समाधान करने की मांग की।स्टेशन रोड स्थित विधायक और मंत्री काश्यप के निवास पर सब्जी विक्रेता सुबह से ही पहुंचने लगे। मंत्री चैतन्य काश्यप भोपाल में मौजूद थे, लेकिन इसके बावजूद विक्रेताओं ने उनके निवास के बाहर ही धरना दे दिया।👎👎
https://youtube.com/@mpnationalnews24
प्रदर्शनकारियों का कहना था कि जब तक उनकी बात सीधे विधायक या मंत्री तक नहीं पहुंचाई जाती, वे वहां से नहीं हटेंगे। स्थानीय भाजपा नेताओं ने मौके पर पहुंचकर सब्जी विक्रेताओं से बातचीत की और उनकी समस्याएं विस्तार से सुनीं। नेताओं ने आश्वासन दिया कि उनकी मांगों को मंत्री काश्यप तक पहुंचाया जाएगा और समाधान के लिए चर्चा की जाएगी। लेकिन आश्वासन के बाद भी सब्जी विक्रेता असंतुष्ट दिखाई दिए।अपनी मांगों को लेकर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। गुरुवार को बड़ी संख्या में सब्जी विक्रेता एवं ठेला संचालक शहर विधायक एवं मध्य प्रदेश के एमएसएमई मंत्री चैतन्य काश्यप के निवास पहुंचे और अपनी समस्या के समाधान की गुहार लगाई।

मंत्री काश्यप के निवास पर प्रदर्शन के बाद भी जब उनकी मांगों पर कोई तत्काल निर्णय नहीं हुआ, तो विक्रेता दोपहर बाद कलेक्ट्रेट पहुंच गए। यहां वे कलेक्टर से मिलने और अपनी समस्या का समाधान मांगने के लिए परिसर में बैठ गए। कलेक्ट्रेट में भी जारी रहा विरोध प्रदर्शनकारियों ने कहा कि जब तक उन्हें उचित स्थान और सुरक्षा का भरोसा नहीं दिया जाता, तब तक वे आंदोलन जारी रखेंगे।👇👇
https://www.youtube.com/@naradhnews2424
कलेक्ट्रेट परिसर में मौजूद अधिकारियों का कहना है कि वे स्थिति से अवगत हैं और कलेक्टर से समय मिलने पर प्रतिनिधि मंडल को चर्चा के लिए बुलाया जाएगा। वहीं, सब्जी विक्रेताओं का कहना है कि उनकी आय का एकमात्र साधन सब्जी बेचना है। अचानक हटाए जाने से उनके परिवारों के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है।



