रतलाम: दिल्ली-मुंबई 8 लेन एक्सप्रेस-वे पर रविवार तड़के सड़क सुरक्षा की चिंता एक बार फिर बढ़ा देने वाले दो अलग-अलग भीषण हादसे हो गए
। पहले हादसे में बिहार के एक परिवार की 14 वर्षीय किशोरी की मौत हो गई, जबकि उसके माता-पिता और दो छोटे भाई गंभीर रूप से घायल हो गए। कुछ ही देर बाद दूसरे हादसे में गुजरात के सूरत का एक परिवार बाल-बाल बचा, जिसमें ड्राइवर का पैर फ्रैक्चर हो गया और पांच अन्य सदस्य घायल हो गए।
पहला हादसा: ट्रक की टक्कर से कार खाई में गिरी।

दीनदयाल नगर थाना क्षेत्र अंतर्गत धामनोद टोल नाके के आगे रविवार सुबह करीब 4:30 बजे यह दर्दनाक हादसा हुआ। बिहार के गोपालगंज जिले के खजुरिया बथानी गांव निवासी विक्की कुमार (35) अपनी पत्नी रानी देवी, पुत्री दीपा कुमारी (14) और पुत्रों प्रीतम (5) व पीयूष (7) के साथ कार से गुजरात के सूरत जा रहे थे।👇👇
https://www.youtube.com/@naradhnews2424
परिवार शुक्रवार शाम बिहार से रवाना हुआ था। लंबी यात्रा के दौरान उन्होंने धामनोद टोल के पास रात में कुछ देर आराम भी किया। पुनः यात्रा शुरू करने के कुछ ही देर बाद पीछे से आ रहे एक ट्रक ने उनकी कार को ओवरटेक करते हुए टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि कार का संतुलन बिगड़ गया, वह डिवाइडर से टकराई और सुरक्षा रेलिंग तोड़ते हुए करीब 20 फीट गहरी खाई में जा गिरी।
हादसे में दीपा कुमारी की मौके पर ही मौत हो गई। कार पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। स्थानीय लोगों की मदद से पुलिस और राहत टीम ने घायलों को बाहर निकाला और

उन्हें रतलाम मेडिकल कॉलेज अस्पताल पहुंचाया, जहां उनका इलाज जारी है।
दूसरा हादसा: टायर फटने से ट्रेवलर पलटा।

इसी एक्सप्रेस-वे पर पलसोड़ी के पास सुबह करीब 5 बजे दूसरा हादसा हुआ। मथुरा-वृंदावन की यात्रा कर लौट रहे सूरत (गुजरात) के योगी चौक, सरथाना निवासी परिवार का ट्रेवलर वाहन (GJ 05 CY 2121) अनियंत्रित होकर पलट गया।
अन्य खबरों के लिए 👇 👇
https://youtube.com/@mpnationalnews24
परिवार में कृष्णाबेन (28), आशीष, जयाबेन (60), फरग, मयूर (35), प्रगजीभाई (60) समेत कुल छह सदस्य सवार थे। ड्राइवर शैलेष भाई (42) का पैर फ्रैक्चर हो गया, जबकि अन्य पांच सदस्यों को मामूली चोटें आईं। घायलों को मेडिकल कॉलेज ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद पांच लोग दूसरे वाहन से सूरत के लिए रवाना हो गए। केवल ड्राइवर का इलाज जारी है।

हादसे के कारणों को लेकर भिन्न दावे हैं। ड्राइवर का कहना है कि अचानक रास्ते पर कुत्ता आने से वाहन अनियंत्रित हुआ, जबकि 8 लेन के कर्मचारियों का कहना है कि टायर फटने से दुर्घटना हुई।

पुलिस जांच शुरू
दोनों मामलों में दीनदयाल नगर थाना पुलिस ने अलग-अलग मुकदमे दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पहले मामले में फरार ट्रक चालक की तलाश की जा रही है, जबकि दूसरे मामले में तकनीकी जांच की जा रही है।

नारद न्यूज़24 के माध्यम से एक्सप्रेस-वे प्रबंधन और प्रशासन से अपील है कि लंबी दूरी की यात्रा के दौरान ड्राइवरों को आराम की पर्याप्त व्यवस्था, टायर चेकिंग और स्पीड लिमिट का सख्ती से पालन सुनिश्चित किया जाए। दो हादसों ने एक बार फिर सड़क सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
सुरक्षित यात्रा ही सबसे बड़ी खुशी है।


