
रतलाम जिला प्रॉपर्टी व्यवसायी संघ द्वारा उग्र आंदोलन की चेतावनी रतलाम, 7 मार्च 2025: रतलाम जिला प्रॉपर्टी व्यवसायी संघ ने आज मुख्यमंत्री श्री मोहनजी यादव को एक पत्र भेजकर अपनी लंबित मांगों के समाधान की अपील की है। संघ ने यह स्पष्ट किया है कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं की जाती है, तो संघ उग्र आंदोलन करने के लिए विवश होगा।
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प्रॉपर्टी व्यवसायियों और आम जनता से जुड़ी विभिन्न समस्याओं का समाधान करने की अपील की है। संघ ने अपनी समस्याओं को लेकर अब तक कई बार जिला प्रशासन, जनप्रतिनिधियों और संबंधित अधिकारियों से संपर्क किया था, लेकिन अब तक कोई निर्णायक कदम नहीं उठाए गए हैं।
संघ ने विशेष रूप से 1956-57 के आदेश के आधार पर रतलाम जिले में कृषि भूमि के नामांतरण पर रोक लगाने के खिलाफ विरोध जताया है, जो केवल रतलाम जिले में लागू है और मुख्यमंत्री के आदेश की अवहेलना करने वाला है। इसके अलावा संघ ने कई अन्य मांगें भी रखी हैं, जिनमें कॉलोनी प्लान के नामांतरण की अनुमति, कृषि भूमि के नामांतरण और बंटवारे की प्रक्रिया, और प्रॉपर्टी गाइडलाइन की समीक्षा की मांग शामिल है। संघ ने यह भी अनुरोध किया है कि संपत्ति कर वसूली के तरीके में सुधार किया जाए और मध्यप्रदेश में अधिक स्टाम्प ड्यूटी को कम किया जाए।
संघ ने मुख्यमंत्री से इन समस्याओं का तत्काल समाधान करने का आग्रह किया, ताकि प्रॉपर्टी व्यवसायी और आम जनता को राहत मिल सके।
इसके अलावा, संघ ने अन्य प्रमुख मांगें भी रखी हैं:
कॉलोनी के विभाजित प्लांट के नामांतरण व निर्माण करने की अनुमति दी जाए।
कृषि भूमि के नामांतरण प्रक्रिया के साथ भूमि का बंटवारा और नक्शे में परिवर्तन किया जाए।
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प्रॉपर्टी की गाइडलाइन को बढ़ाने से पहले व्यवसाय से संबंधित संगठनों से चर्चा की जाए।
वर्तमान में निर्धारित गाइडलाइन को कम किया जाए, क्योंकि यह व्यवसाय के लिए अत्यधिक हैं।
नगर निगम द्वारा संपत्ति कर में विसंगतियां हैं, और जियो टेक के माध्यम से 5 वर्षों का संपत्ति कर वसूली करना अनुचित है। इसे वर्तमान वर्ष से लागू किया जाए।
कॉलम 12 में कुछ कृषि भूमियों का क्रय-विक्रय हटाया जाए।
मध्यप्रदेश में उच्चतम स्टांप ड्यूटी को कम किया जाए, ताकि आम जनता को राहत मिल सके।

संघ ने यह भी चेतावनी दी है कि यदि इन मांगों का समाधान शीघ्र नहीं किया गया, तो वे उग्र आंदोलन की राह अपनाएंगे। संघ का कहना है कि प्रॉपर्टी व्यवसायी और आम जनता की समस्याओं का समाधान न होने पर उनकी आवाज़ को और भी तेज़ किया जाएगा और आंदोलन को सशक्त रूप से चलाया जाएगा।
Author: Naradh News24
प्रधान संपादक




